

बैंकों और वित्तीय संस्थानों में चला साइबर जागृति अभियान, करीब 400 नागरिकों को किया जागरूक
अंबिकापुर, 24 अगस्त 2026साइबर अपराधों से बचाव और नागरिकों को सुरक्षित डिजिटल व्यवहार के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से सरगुजा पुलिस द्वारा “साइबर जागृति अभियान” के तहत जिले के विभिन्न बैंकों एवं वित्तीय संस्थानों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। अभियान के दूसरे सप्ताह में पुलिस टीमों ने बैंक अधिकारियों-कर्मचारियों के साथ-साथ बैंक पहुंचे नागरिकों एवं ग्रामीणों को साइबर ठगी के बदलते तरीकों और उनसे बचाव के उपायों की जानकारी दी।
यह अभियान डीआईजी/एसएसपी सरगुजा श्री राजेश अग्रवाल (भा.पु.से.) के दिशा-निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक एवं साइबर सेल के नोडल अधिकारी श्री रितेश चौधरी के नेतृत्व में संचालित किया जा रहा है।
इन बैंकों में आयोजित हुए जागरूकता कार्यक्रम
पुलिस टीमों द्वारा कोऑपरेटिव बैंक धौरपुर, जिला सहकारी केंद्रीय बैंक बतौली, ग्रामीण बैंक महामाया चौक अंबिकापुर, स्टेट बैंक कमलेश्वरपुर, सेंट्रल बैंक अंबिकापुर, मणीपुर बैंक, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया शाखा लुण्ड्रा, थाना उदयपुर क्षेत्र के विभिन्न बैंकों तथा थाना दरिमा क्षेत्र के बैंकों में साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।
कार्यक्रम में बैंक अधिकारियों एवं कर्मचारियों सहित बड़ी संख्या में नागरिकों और ग्रामीणों ने सहभागिता की। करीब 400 नागरिकों को साइबर अपराधों से बचाव के संबंध में आवश्यक जानकारी दी गई।
OTP, UPI से लेकर डिजिटल अरेस्ट तक समझाए ठगी के तरीके
जागरूकता कार्यक्रम के दौरान पुलिस टीम ने नागरिकों को वर्तमान समय में होने वाले साइबर अपराधों और ऑनलाइन ठगी के विभिन्न तरीकों के बारे में विस्तार से बताया। विशेष रूप से OTP, UPI एवं QR Code फ्रॉड, फर्जी लिंक, APK फाइल, फर्जी कस्टमर केयर नंबर, सोशल मीडिया फ्रॉड, फर्जी प्रोफाइल, अनजान वीडियो कॉल, सेक्सटॉर्शन तथा डिजिटल अरेस्ट जैसे मामलों से बचने के उपाय समझाए गए।
पुलिस ने नागरिकों से अपील की कि किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ OTP, ATM PIN, CVV, पासवर्ड या बैंक खाते से संबंधित गोपनीय जानकारी साझा न करें। संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने अथवा अनजान APK फाइल डाउनलोड करने से बचें। किसी व्यक्ति के कहने पर बिना सत्यापन के QR Code स्कैन न करें।
साइबर ठगी होते ही 1930 पर करें शिकायत
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि साइबर ठगी का शिकार होने की स्थिति में समय गंवाए बिना तत्काल राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराना महत्वपूर्ण है। इसके साथ ही cybercrime.gov.in के माध्यम से भी साइबर अपराध की शिकायत की जा सकती है।
पुलिस ने बताया कि ठगी के तुरंत बाद शिकायत दर्ज कराने से संबंधित लेनदेन पर समय रहते कार्रवाई कर ठगी गई रकम को रोकने की संभावना बढ़ जाती है।
“जागरूकता की एक Selfie” अभियान में भी सहभागिता
अभियान के दौरान “जागरूकता की एक Selfie” कार्यक्रम के तहत नागरिकों को जागरूकता QR Code के बारे में जानकारी दी गई। नागरिकों एवं बैंक अधिकारियों-कर्मचारियों को QR Code के माध्यम से साइबर जागरूकता अभियान से जुड़ने तथा साइबर सुरक्षा संबंधी संदेशों को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने के लिए प्रेरित किया गया। इस दौरान उपस्थित नागरिकों ने QR Code के साथ Selfie लेकर अभियान में सहभागिता भी की।
पुलिस अधिकारियों-कर्मचारियों की रही मौजूदगी
कार्यक्रमों में थाना प्रभारी लुण्ड्रा निरीक्षक प्रदीप जायसवाल, थाना प्रभारी कमलेश्वरपुर निरीक्षक मनोज प्रजापति, भींखम लाल साहू, प्रशिक्षु उप निरीक्षक डिगेश्वर वर्मा, प्रशिक्षु उप निरीक्षक आशी झा, प्रशिक्षु उप निरीक्षक अनुराग वर्मा, सहायक उप निरीक्षक अनिल पाण्डेय, सहायक उप निरीक्षक वरदान लकड़ा सहित अन्य पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में नागरिकों ने स्वयं साइबर अपराधों के प्रति सतर्क रहने तथा अपने परिवार, परिचितों और समाज के अन्य लोगों को भी साइबर ठगी से बचाव के लिए जागरूक करने का संकल्प लिया।
सरगुजा पुलिस की अपील—
“सतर्क रहें, सुरक्षित रहें। आपकी जागरूकता ही साइबर अपराध से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय है।”
Author: Chhattisgarhiya News
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