

सीतापुर में ग्राम बैगा और सरपंचों की ब्लॉक स्तरीय बैठक, बैगा संस्कृति के संरक्षण पर हुआ मंथन
चोरकी पानी धाम में निर्माणाधीन बाबा भोलेनाथ मंदिर के गर्भगृह में सभी पंचायतों से एक-एक मुट्ठी मिट्टी डालने विधायक रामकुमार टोप्पो ने किया आह्वान
सीतापुर/सरगुजा। आदिवासी अंचल की प्राचीन बैगा पूजा पद्धति एवं सांस्कृतिक परंपराओं के संरक्षण और संवर्धन को लेकर सीतापुर में ब्लॉक स्तरीय ग्राम बैगा एवं सरपंचों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के बैठक हॉल में हुई, जिसमें सीतापुर विधानसभा क्षेत्र के विधायक रामकुमार टोप्पो मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
कार्यक्रम में चोरकी पानी धाम समिति के पदाधिकारियों सहित नगर पंचायत के जनप्रतिनिधि एवं क्षेत्र के ग्राम बैगा और सरपंच उपस्थित रहे। बैठक का उद्देश्य समय के साथ विलुप्त होती जा रही पारंपरिक बैगा पूजा संस्कृति को संरक्षित करने के साथ ही क्षेत्र के विकास एवं सांस्कृतिक विरासत को मजबूत करने पर सामूहिक रूप से विचार-विमर्श करना था।
पारंपरिक विधि से हुआ कार्यक्रम का शुभारंभ
बैठक की शुरुआत आदिवासी परंपराओं के अनुरूप की गई। अतिथियों एवं उपस्थित लोगों ने बैगा पूजा पद्धति के अनुसार धूप, धवन एवं दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। पारंपरिक विधि से हुए इस आयोजन ने पूरे परिसर को आदिवासी संस्कृति और परंपराओं के रंग में रंग दिया।
बैगा संस्कृति हमारी पहचान : विधायक
बैठक को संबोधित करते हुए विधायक रामकुमार टोप्पो ने कहा कि बैगा समाज की पारंपरिक पूजा पद्धति और संस्कृति आदिवासी अंचल की महत्वपूर्ण पहचान है। आधुनिकता के दौर में कई पारंपरिक रीति-रिवाज और सांस्कृतिक परंपराएं धीरे-धीरे कम होती जा रही हैं। ऐसे में आने वाली पीढ़ियों तक इस विरासत को पहुंचाने के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी हैं।
उन्होंने ग्राम बैगा एवं सरपंचों से अपनी पारंपरिक संस्कृति, पूजा पद्धति और सामाजिक परंपराओं को संरक्षित करने तथा युवा पीढ़ी को इससे जोड़ने का आह्वान किया।
मंदिर निर्माण में सभी पंचायतों की भागीदारी का आह्वान
विधायक रामकुमार टोप्पो ने चोरकी पानी धाम में निर्माणाधीन बाबा भोलेनाथ के भव्य मंदिर का उल्लेख करते हुए सीतापुर विधानसभा क्षेत्र की सभी पंचायतों से मंदिर निर्माण में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करने की अपील की।
उन्होंने कहा कि विधानसभा क्षेत्र की प्रत्येक पंचायत से एक-एक मुट्ठी मिट्टी मंदिर के गर्भगृह में डाली जाए, जिससे क्षेत्र की सभी पंचायतों की आस्था और सहभागिता इस धार्मिक एवं सांस्कृतिक स्थल से जुड़ सके।
बैठक में सीतापुर विकासखंड की विभिन्न पंचायतों से पहुंचे ग्राम बैगा एवं सरपंचों ने भी बैगा संस्कृति के संरक्षण, संवर्धन तथा क्षेत्र के विकास से जुड़े विषयों पर अपने विचार रखे। उपस्थित जनप्रतिनिधियों ने पारंपरिक संस्कृति को जीवंत बनाए रखने और आने वाली पीढ़ियों को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने की दिशा में सामूहिक प्रयास करने पर जोर दिया।
Author: Chhattisgarhiya News
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