Search
Close this search box.

जनपद पंचायत बतौली के घटिया निर्माण कार्यों ने खोली विकास की पोल

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

 

 

बतौली / सरगुजा जिले के विकासखंड बतौली के ग्राम पंचायत कुनकुरी में 15वें वित्त आयोग के तहत निर्मित चबूतरा मानसून की पहली बारिश में धराशायी हो गया, जिससे निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। यह चबूतरा ग्रामीणों के मनोरंजन और सामाजिक संवाद का केंद्र था। गनीमत रही कि घटना के समय कोई व्यक्ति वहां मौजूद नहीं था, अन्यथा यह घटना जानलेवा साबित हो सकती थी।

 

चबूतरा एनएच-43 के किनारे स्थित है, जहां से भारी वाहनों की आवाजाही होती है। यह चबूतरा लगभग 5-6 फीट की ऊंचाई पर बना था, और गिरने वाला हिस्सा इस ऊंचाई के कारण और भी खतरनाक हो गया। ग्रामीणों ने निर्माण कार्य में घटिया सामग्री और लापरवाही को जिम्मेदार ठहराते हुए जनपद पंचायत बतौली के प्रशासनिक रवैये पर कड़ा विरोध जताया है।

 

निर्माण कार्य बीते कुछ माह पूर्व में  पूरा हुआ था, लेकिन इसके बावजूद यह पहली बारिश भी नहीं झेल सका। इससे स्पष्ट होता है कि निर्माण में गुणवत्ता मानकों की अनदेखी की गई। सवाल उठता है कि ऐसे निर्माण कार्यों का मूल्यांकन किस आधार पर किया गया और जिम्मेदार अधिकारियों ने इसकी जांच क्यों नहीं की।

 

स्थानीय प्रशासन से इस मामले पर जवाब मांगने पर भी स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई। यह स्थिति क्षेत्र में बढ़ती कमीशनखोरी और भ्रष्टाचार की ओर इशारा करती है, जहां विकास के नाम पर जनता की मेहनत की कमाई का दुरुपयोग हो रहा है।

 

क्षेत्रीय विधायक द्वारा विकास कार्यों का दावा किया जाता है, लेकिन उनकी गुणवत्ता की पोल ऐसे घटिया निर्माण कार्य खोल रहे हैं। यदि इसी तरह के विकास कार्य जानलेवा साबित होते रहे, तो आमजन के लिए बगैर विकास के जीवन अधिक सुरक्षित रहेगा।

 

जनता और समाजसेवियों ने इस घटना के जिम्मेदार अधिकारियों और ठेकेदारों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। साथ ही, क्षेत्रीय प्रशासन से अपील की है कि भविष्य में होने वाले निर्माण कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित की जाए, ताकि आमजन के जीवन की सुरक्षा बनी रहे।

 

 

 

 

Chhattisgarhiya News
Author: Chhattisgarhiya News

सच्ची बात सिर्फ छत्तीसगढ़िया न्यूज़ के साथ

Leave a Comment

और पढ़ें