स्थान: बतौली, सरगुजा, छत्तीसगढ़
सरगुजा जिले के बतौली क्षेत्र में प्रधानमंत्री आवास योजना में भ्रष्टाचार का बड़ा मामला सामने आया है। पात्र हितग्राहियों को सरकार की इस महत्वाकांक्षी योजना से वंचित कर, उनके स्वीकृत आवास निर्माण की धनराशि अन्य व्यक्तियों के खातों में स्थानांतरित कर दी गई है। इस कृत्य में जनपद पंचायत बतौली के अधिकारियों और ग्राम पंचायत के कर्मचारियों की मिलीभगत की आशंका जताई जा रही है।
घोटाले का खुलासा
हरिभूमि पोर्टल में खबर प्रकाशित होने के बाद, इस मामले ने तूल पकड़ा। प्रभावित हितग्राहियों ने स्वयं सामने आकर बताया कि ग्राम पंचायत बिलासपुर के मैदानी कर्मचारियों ने उनकी धनराशि अन्य लोगों के खातों में स्थानांतरित कर दी। इसके चलते आज तक उनके आवास निर्माण कार्य अधर में लटके हुए हैं।
सरपंच और उनके परिवार पर गंभीर आरोप
ग्रामीणों ने जो खुलासा किया है, वह चौंकाने वाला है। ग्राम पंचायत बिलासपुर के नवनिर्वाचित सरपंच अरुण केरकेट्टा और उनके पिता बुद्धसाय केरकेट्टा पर इस घोटाले में शामिल होने के गंभीर आरोप लगे हैं। जांच में यह सामने आया है कि:
- सरपंच अरुण केरकेट्टा के खाते में केशवर राम नामक हितग्राही की पूरी धनराशि डाली गई।
- सरपंच के पिता बुद्धसाय केरकेट्टा के खाते में बच्चन राम हितग्राही की धनराशि हस्तांतरित की गई।
- सरपंच और उनके पिता को इन हितग्राहियों का “रिश्तेदार” बताकर जनपद पंचायत द्वारा धनराशि उनके खातों में भेजी गई।
अन्य गड़बड़ियां भी उजागर
प्रधानमंत्री आवास योजना की धनराशि में कई अन्य गड़बड़ियां सामने आईं:
- सुरजमानिया चौधरी के खाते में लोरी नगेशिया की धनराशि डाली गई।
- माधुरी प्रजापति के खाते में सदानंद पैंकरा की राशि हस्तांतरित हुई।
- इसी प्रकार, कई अन्य लाभार्थियों की धनराशि अन्य लोगों के खातों में भेजी गई।भ्रष्टाचार
Author: Chhattisgarhiya News
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