
बतौली / आज संकुल केंद्र मंगारी और पोकसरी विकास खंड बतौली में बाल मेला सह टीएलएम प्रदर्शनी कार्यक्रम का उद्घाटन जिला मिशन समन्वयक श्री रविशंकर तिवारी, एपीसी श्री करुणेश श्रीवास्तव, BEO श्री शरदचंद्र मेषपाल , ABEO श्रीमति इंदु तिर्की, प्रभारी प्राचार्य मंगारी श्री अनिल कच्छप, सरपंच दूधेश्वर नाथ जी द्वारा मां सरस्वती की प्रतिमा पर दीप जलाकर किया गया।
बाल मेला बच्चों के लिए आनंद का आयोजन होता है।
इसमें बच्चे खेल ,सांस्कृतिक कार्यक्रम के आयोजनों और अपनी रचनात्मकता का उत्सव मनाते हैं। इन्हीं बातों को ध्यान में रखते हुए “बालमेला सह टीएलएम प्रदर्शनी” का आयोजन, 16 जनवरी 2025 को अज़ीम प्रेमजी फाउंडेशन के सहयोग एवं शिक्षा विभाग विकास खण्ड शिक्षा अधिकारी बतौली के मार्गदर्शन में संकुल केंद्र मंगारी में किया गया।
बतौली विकासखण्ड के दो संकुल केन्द्र मंगारी और पोकसरी के सभी शिक्षक- शिक्षकाओं द्वारा आयोजित इस बालमेले में विभिन्न कार्नर जैसे गणित कॉर्नर व मजेदार खेल, साइंस कॉर्नर , भाषा कॉर्नर, सामजिक विज्ञान का कार्नर और भारत जोड़ो , ओरिगेमी कॉर्नर में पेपर क्राफ्ट कला, टोपी कॉर्नर में अपने प्रकार का टोपी ,मुखौटे के कॉर्नर मे मुखौटे बनाने सीखने का काम बच्चों के साथ किया गया। इसके साथ ही मिट्टी के खेल में कुम्हार भैया के द्वारा बच्चों एवं शिक्षको को मिट्टी के बर्तन एवं खिलौने बनाना सिखाया गया।
बालमेले की शुरुआत अभिनय ‘बालगीत’ के साथ हुई जो कि बहुत ही मनमोहक थी। दोनों संकुल से लगभग 360 से अधिक बच्चों एवं प्राथमिक, माध्यमिक, उच्चतर माध्यमिक विद्यालय से लभग 70 शिक्षक- शिक्षकाओं ने इस कार्यक्रम में सहभागिता निभाई और इस सीखने के उत्सव में समुदाय से लगभग 30 सदस्य* सम्मिलित हुए।
कार्यक्रम में संकुल के विद्यालयों के बच्चों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम में प्रतिभागी बच्चों द्वारा मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया गया l

कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए DMC रविशंकर तिवारी सर जी ने कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से शिक्षा के क्षेत्र में सीखने के नए अवसर प्रदान होते हैं बच्चों का सर्वांगीण विकास सम्भव हो पाता है। मंगारी इस क्रम में अग्रणी भूमिका निभाता है। इसका पूरा श्रेय लव गुप्ता जी और उनकी टीम को जाता है।मंगारी संकुल के साथ ही अब पोकसरी संकुल भी इस दिशा में बेहतर कार्य कर रहा है।संकुल समन्वयक श्री लाजरूस लकड़ा जी को भी बहुत बहुत बधाई।APC करुणेश श्रीवास्तव सर द्वारा दोनों संकुल के इस आयोजन को अनेक विभागीय कार्य के साथ ही चुनौती को स्वीकार करते हुए मंगारी,पोकसरी संकुल ने जो साहस का परिचय दिया है उससे सीखने की आवश्यकता है, वह अनुकरणीय है। बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए हम सब निरंतर प्रयत्नशील रहे।
बीईओ सर जी ने अपने उद्बोधन में सभी बच्चों को एक अच्छे नागरिक बनाने की दिशा में सभी को मिलजुलकर काम करने की बात कहे। अपने जीवन मे अनुशासन से ही व्यक्ति महान बनता है।सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारी इंदु मैम जी ने अज़ीम प्रेमजी फाउंडेशन और बच्चों व शिक्षकों को अपने उद्बोधन में शुभकामनाएं दी, साथ ही बच्चों के साथ जुड़कर सदैव कार्य करने पर बल दिया।बालमेला के ऐसे आयोजनों से बच्चों को शिक्षा के क्षेत्र में सीखने हेतु सहयोग प्राप्त होता है इस क्षेत्र में अजीम प्रेम जी फाउंडेशन का सकारात्मक सहयोग बतौली को मिल रहा है।सरपंच जी ने भी अपने सम्बोधन में अजीम प्रेम जी के शिक्षा में सहयोग, शिक्षकों की सक्रियता हेतु सभी को धन्यवाद दिए।
दोनों संकुल के सभी शिक्षक साथी, अज़ीम प्रेमजी फ़ाउंडेशन के सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही । इस बाल मेला में सभी कॉर्नर पर शिक्षकों एवं शिक्षिकाओं हम साथियों के सहयोग द्वारा कॉर्नर का संचालन किया गया। जिसमें बच्चों और शिक्षकों ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया। आयोजित बाल मेला की प्रक्रियाओं में समूह सदस्यों के सहयोग और अथक प्रयास से इस बालमेला को सफल बनाने की ओर बढ़ पाए। बाल मेला की पूरी प्रक्रिया में मुख्य रूप से शिक्षक साथियो का बेहतर योगदान रहा।
उक्त कार्यक्रम के साथ ही मंगारी और पोकसरी संकुल में आयोजित प्रतियोगिता स्पीड रीडिंग,शुद्ध लेखन,पहाड़ा, दौड़,पेंटिंग आदि के विजेता बच्चों को पुरस्कृत किया गया।उत्कृष्ट शिक्षक सम्मान से दोनों संकुल के कुछ कर्मचारियों को नवाजा गया।
कार्यक्रम में अतिथियों के साथ ही बतौली विकास खंड के अन्य संकुलों के समन्वयक श्री परमानंद गुप्ता जी,श्री परविंद गुप्ता जी,श्री नंदकेश्वर जी,श्री मनोज जी, श्री उग्रसेन जी,श्री अनिल मिश्रा जी, अजीम प्रेम जी से चंद्रभान जी,राकेश जी,संजय जी,अविनाश जी और अन्य कर्मचारी गण उपस्थित रहे।

Author: Chhattisgarhiya News
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