Search
Close this search box.

संगठन सृजन कार्यक्रम के तहत सरगुजा जिला कांग्रेस अध्यक्ष के चयन को लेकर बीते चार दिनों से चल रही रायशुमारी की प्रक्रिया आज पूरी हो गई

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

सरगुजा, 14 अक्टूबर। संगठन सृजन कार्यक्रम के तहत सरगुजा जिला कांग्रेस अध्यक्ष के चयन को लेकर बीते चार दिनों से चल रही रायशुमारी की प्रक्रिया आज पूरी हो गई। जशपुर जिले के लिए रवाना होने से पूर्व मुख्य पर्यवेक्षक एवं झारखंड प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष श्री राजेश ठाकुर ने बताया कि सरगुजा जिला कांग्रेस अध्यक्ष के नाम की घोषणा नवंबर माह में की जाएगी। कांग्रेस के केंद्रीय नेतृत्व द्वारा सरगुजा जिले के संगठन सृजन कार्यक्रम के लिए चार सदस्यीय पर्यवेक्षक दल का गठन किया गया था, जिसमें मुख्य पर्यवेक्षक के रूप में श्री राजेश ठाकुर के साथ छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व अध्यक्ष श्री धनेंद्र साहू, भानुप्रतापपुर विधायक श्रीमती सावित्री मंडावी एवं प्रदेश कांग्रेस के पूर्व संगठन महामंत्री श्री अमरजीत चावला शामिल थे। मुख्य पर्यवेक्षक श्री ठाकुर ने कहा कि पार्टी नेतृत्व ने जिलाध्यक्ष चयन के लिए तीन प्रमुख मानदंड तय किए हैं – पहला, व्यक्ति कांग्रेस की विचारधारा से ओतप्रोत हो, दूसरा, जो आम जनमानस से जुड़ा हो और उनके सुख-दुख में साथ देने वाला हो, और तीसरा, जो जनसमस्याओं के समाधान के लिए संघर्षशील हो। उन्होंने कहा कि सरगुजा जिले में कांग्रेस का संगठन बेहद मजबूत है, यहां कार्यकर्ताओं में ऊर्जा और उत्साह दोनों हैं, और संगठन आने वाले समय में पार्टी की उम्मीदों पर खरा उतरेगा। संगठन सृजन कार्यक्रम के अंतर्गत सरगुजा जिले में रायशुमारी की प्रक्रिया 11 अक्टूबर से 14 अक्टूबर तक चली। 11 अक्टूबर को प्रेसवार्ता के माध्यम से पर्यवेक्षक दल ने अपने कार्य का शुभारंभ किया। इसके उपरांत जिला संगठन की बैठक लेकर पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से वन-टू-वन चर्चा की गई। 12 अक्टूबर को सामाजिक संगठनों से विचार-विमर्श के साथ अम्बिकापुर शहर, अम्बिकापुर ग्रामीण और लखनपुर ब्लॉक कांग्रेस कमेटियों से रायशुमारी की गई। 13 अक्टूबर को उदयपुर, लुण्ड्रा और धौरपुर ब्लॉकों में बैठकें संपन्न हुईं तथा देर रात जिलाध्यक्ष पद के दावेदारों से व्यक्तिगत चर्चा की गई। अंतिम दिन 14 अक्टूबर को दरिमा, मैनपाट, बतौली और सीतापुर ब्लॉक कांग्रेस कमेटियों की बैठक लेकर कार्यक्रम का समापन किया गया।

चार दिन के इस दौरे के दौरान पर्यवेक्षक दल ने मीडिया प्रतिनिधियों से भी विस्तार से चर्चा की और संगठन की वर्तमान स्थिति के साथ संभावित दावेदारों पर फीडबैक लिया। श्री ठाकुर ने बताया कि झारखंड में संगठन सृजन कार्यक्रम पूर्ण होने के 15 से 20 दिनों के भीतर जिलाध्यक्षों की घोषणा कर दी गई थी, इसी प्रकार छत्तीसगढ़ में भी नवंबर के पहले पखवाड़े में नए जिलाध्यक्षों के नाम घोषित होने की पूरी संभावना है

Chhattisgarhiya News
Author: Chhattisgarhiya News

सच्ची बात सिर्फ छत्तीसगढ़िया न्यूज़ के साथ

Leave a Comment

और पढ़ें