सरगुजा जिले में स्वच्छ भारत मिशन के तहत की गई सामग्रियों की खरीदी में भारी अनियमितताओं और सरकारी धन के गबन का मामला सामने आया है। इस गंभीर प्रकरण में तत्कालीन मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत सरगुजा श्री नूतन कंवर एवं सभी 7 जनपद पंचायतों के सीईओ के विरुद्ध एफआईआर दर्ज करने हेतु एक विस्तृत शिकायत दिनांक 17 जुलाई 2025 को सिटी कोतवाली थाना अंबिकापुर में प्रस्तुत की गई।
शिकायतकर्ता डॉ. डी.के. सोनी (अधिवक्ता) के अनुसार, ग्राम पंचायतों में प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन के तहत बेलिंग मशीन, फटका मशीन, श्रेडिंग मशीन एवं वजन मशीन बाजार दर से कहीं अधिक मूल्य पर नियमों की अवहेलना करते हुए खरीदी गई। इन मशीनों की आपूर्ति बेहद घटिया स्तर की रही और अधिकांश उपकरण कबाड़ के रूप में अनुपयोगी पड़े हुए हैं।
अवांछित खर्च और संदिग्ध भुगतान
जानकारी के अनुसार, वर्ष 2022-23, 2023-24 तथा 2024-25 के लिए सरगुजा जिले को राज्य स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण, रायपुर द्वारा क्रमशः 855 लाख, 465.17 लाख, तथा 747.50 लाख रुपए की राशि स्वीकृत की गई थी। इसी के अंतर्गत 08 जनवरी 2024 को तत्कालीन सीईओ श्री नूतन कंवर द्वारा ICICI बैंक रायपुर के माध्यम से 89.60 लाख रुपए संबंधित ग्राम पंचायतों के खातों में हस्तांतरित कर दिए गए।
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि उक्त सामग्री की आपूर्ति के एवज में सप्लायर्स से मोटी कमीशन की राशि भी तत्कालीन अधिकारी द्वारा प्राप्त की गई। इसके समर्थन में दस्तावेज भी शिकायत के साथ संलग्न किए गए हैं।
पुलिस की अगली कार्रवाई पर निगाहें
अब पूरा मामला सिटी कोतवाली अंबिकापुर के संज्ञान में है, जहां शिकायत एवं प्रमाणों के आधार पर सभी संबंधित अधिकारियों व आपूर्तिकर्ताओं के विरुद्ध प्रथम सूचना रिपोर्ट (FIR) दर्ज करने की मांग की गई है। यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि पुलिस प्रशासन इस मामले में कितनी तत्परता और पारदर्शिता से कार्यवाही करता है।
इस प्रकार का मामला न केवल शासन की योजनाओं की साख पर प्रश्नचिन्ह खड़ा करता है, बल्कि भ्रष्टाचार एवं पद के दुरुपयोग के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की आवश्यकता को भी रेखांकित किया जा रहा है
Author: Chhattisgarhiya News
सच्ची बात सिर्फ छत्तीसगढ़िया न्यूज़ के साथ








